MP में राम मंदिर पर सियासत: जयभान ने कहा- कांग्रेस को आपत्ति हो रही तो टूटे हुए बाबरी मस्जिद के फोटो का प्रचार करें

ग्वालियर। मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव में राम मंदिर मुद्दे को भुनाने के कांग्रेस के आरोपों पर बीजेपी के नेता जयभान सिंह पवैया और केंद्रीय कानून राज्य मंत्री एसपीएस बघेल ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने एक सुर में कांग्रेस से पूछा कि विधानसभा चुनाव में राम मंदिर मुद्दे का जिक्र क्यों ना हो। महाराष्ट्र बीजेपी के सह प्रभारी व कट्टर हिंदूवादी नेता जयभान सिंह पवैया का कहना है कि वे कांग्रेस के आरोप लगाने वाले नेताओं को न्यौता देते हैं कि 22 जनवरी को अयोध्या में राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के अवसर पर ना सिर्फ खुद आएं, बल्कि अपनी राजमाता यानी सोनिया गांधी को भी साथ लेकर आएं और खुशियां मनाएं।
उन्होंने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि वो टूटे हुए बाबरी ढांचे का फोटो लगाकर प्रचार करें। हमें कोई आपत्ति नहीं। वहीं एसपीएस बघेल का कहना है कि भगवान श्री राम के बिना किसी चीज की कल्पना ही नहीं की जाती। उनकी सुबह गुड मॉर्निंग के साथ नहीं राम राम के उच्चारण के साथ होती है। बतादें कि, ग्वालियर में सोमवार को बीजेपी की संभागीय बैठक का आयोजन सम्पन्न हुआ। बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कार्यसमिति सदस्यों को जीत का मंत्र दिया।
बैठक के बाद चुनिंदा पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए महाराष्ट्र भाजपा के सह प्रभारी एवं कट्टर हिंदूवादी नेता जयभान सिंह पवैया ने कांग्रेस को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कांग्रेस की उस आपत्ति पर तीखी प्रतिक्रिया दी है, जिसमें कांग्रेस ने बीजेपी के राम मंदिर से जुड़े होर्डिंग्स लगाने पर नाराज़गी जताई थी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को आपत्ति हो रही है तो वह टूटे हुए बाबरी मस्जिद के फोटो का प्रचार करें, हमे कोई आपत्ति नहीं है, यदि राम जी से चिढ़ है तो वह कलंकित बाबरी ढांचे का फोटो जो उनके दफ्तर में रखा होगा उसको चिपका कर जगह जगह वोट मांगे, जिनको खुशी नहीं है, वे राम मंदिर का फोटो कैसे लगा सकते हैं।
उन्होंने कहा जिन्होंने खून बहाया है जिन्होंने पसीना बहाया है वह राम मंदिर की खुशियां मना सकते हैं, इसे हम चुनाव में जरूर कहेंगे। कांग्रेस के लोग जिन्होंने अदालत में जाकर राम मंदिर के निर्माण रुकवाने के लिए खड़े किए, उनकी पीड़ा को हम कैसे दूर करें, यह तो देश का राम भक्त जानता है, हम राम मंदिर तीर्थ क्षेत्र न्यास के कोई प्रवक्ता नहीं है, लेकिन राम भक्त के नाते सबको न्योता देता हूं कि जिनको आज इस मंदिर से आपत्ति है वो सभी लोग अपनी राजमाता को लेकर आए।
उन्होंने कहा राम मंदिर का 22 जनवरी को बड़ा भव्य आयोजन हो रहा है, उसमे जरूर आना चाहिए, अब तो उनको ऐलान भी करना चाहिए, कि हम उस दिन बाबरी ढांचे के शहीद होने की खुशियां मनाएंगे, यह कांग्रेसी और कांग्रेस की राजमाता यानी कि सोनिया गांधी जरूर करें। सनातनी मुद्दे को लेकर पवैया ने कहा कि सनातन को नष्ट करने का काम कांग्रेस और उनके गठबंधन वाले नेताओं ने किया है। मल्लिकार्जुन खड़के ने कहा है कि भाजपा की सरकार फिर से देश में आई तो सनातन धर्म का राज हो जाएगा, इसलिए अब यह मुद्दा तो जनता के मन में ही है, उसको कांग्रेसी क्या रोकेंगे और हम क्या रोकेंगे।
वहीं केंद्रीय कानून मंत्री एसपीएस बघेल ने भी कांग्रेस पर राम मंदिर की आपत्ति पर जमकर हमला बोला है, एसपीएस बघेल ने कहा कि, राम को कोई भी भूल नहीं सकता है, लेकिन राम के बिना भी कोई कल्पना नही कर सकता है, ये मर्यादा पुरुषोत्तम हमारे हैं, और बीजेपी सरकार में अच्छी पैरवी से पूरा मामला हमारे पक्ष में रहा है, हम लोग सुबह उठकर गुड मॉर्निंग कहने वाले लोग नहीं है, हम सुबह उठकर राम-राम ही कहते हैं, और कहते रहेंगे।